रूस पर प्रतिबंध लगाने वाले अमेरिकी विधेयक को प्रतिनिधि सभा से पारित कराने की समयसीमा नजदीक आने के बीच अमेरिकी सांसदों ने इसमें कई संशोधन पेश किए हैं। इनमें से एक संशोधन में रूस के प्रमुख व्यापारिक साझेदार देशों के नाम स्पष्ट रूप से शामिल करने का प्रस्ताव है, जिसमें भारत भी शामिल है।


