आगरा । आगरा में एक तरफ मदर्स डे पर मातृ शक्ति को लोग नमन कर रहे थे तो दूसरी तरफ एत्माददौला क्षेत्र में शर्मसार करने वाली घटना सामने आई। मानसिक रूप से कमजोर महिला निर्वस्त्र हालत में सड़क पर निकल आई। कुछ लोग उसको कपड़े पहनाने के बजाय मोबाइल से वीडियो बनाने लगे तो कुछ उसे देखकर मजाक बनाने लगे।
इसी बीच एक राहगीर ने महिला को अपने गमछे से तन को ढकने का प्रयास किया और पुलिस को सूचना दी। महिला पुलिसकर्मियों ने महिला को कपड़े पहनाने के बाद पति के सुपुर्द कर दिया।
मूल रूप से फिरोजाबाद की रहने वाली महिला दो साल से एत्माद्दौला क्षेत्र में पति के साथ किराये के घर में रह रही है। पति आटा मिल में काम करते हैं। रविवार शाम को साढ़े सात बजे महिला निर्वस्त्र हालत में घर से निकल आई। नुनिहाई से रामबाग जाने वाले रास्ते से होते हुए नरायच पुलिया तक पहुंची। महिला के हाथ में डंडा भी लगा हुआ था। उसे इस हाल में देखकर कुछ लोग परेशान हो गए तो कुछ लोग मोबाइल से वीडियो बनाने लगे। इसी बीच बजरंग दल के पदाधिकारी अनिल शर्मा ने महिला को अपने गमछे से ढकने का प्रयास किया। उन्होंने सूचना दी तो महिला पुलिसकर्मी मौके पर पहुंच गईं। उन्होंने महिला को कपड़े पहनाए।
बोली, पुलिस उत्पीड़न से परेशान
डीसीपी सिटी सय्यद अब्बाल अली ने बताया कि पूछताछ के दौरान महिला ने कई बार अपने बयान बदल दिए। कभी पुलिस तो कभी मकान मालिक पर आरोप लगाने लगी। बेटी के उत्पीड़न की बात कही। जानकारी पर पुलिस ने महिला के पति को बुलवाया। उसने बताया कि पत्नी मानसिक रूप से बीमार चल रही है। उसका उपचार चल रहा है। महिला दरोगा स्वाति वर्मा ने उसके लिए दुकान से कपड़े खरीदे थे। इसके बाद उसे एक स्थान पर कपड़े पहनाए गए। बाद में पति पत्नी को साथ लेकर चला गया।


